Saturday, May 23, 2020

मेरे आंगणे में...

आजची वात्रटिका
--------------------------------------
मेरे आंगणे में...
रोज विस्तारत चाललेले,
कोरोनाचे रिंगण आहे.
तरीही खेळ रंगला,
'मेरा आंगण, मेरा रणांगण'आहे.
कोरोना सुद्धा म्हणू शकतो,
मेरे आंगणे में,
तुम्हारा क्या काम है?
ये तो बगल में छुरी,
और मुँह में राम हैं !
-सूर्यकांत डोळसे,पाटोदा(बीड)
मोबाईल-9923847269
-------------------------
फेरफटका-7293
दैनिक झुंजार नेता
23मे2020
--------------------------------
#कोरोना

No comments:

उदात्तीकरणाचे प्रयोग...प्रसिद्ध वात्रटिकाकार व्याख्याते सूर्यकांत डोळसे यांची मराठी वात्रटिका

आजची वात्रटिका -------------------------- उदात्तीकरणाचे प्रयोग अनिष्ट आणि घातक परंपरांचे, एक मात्र खूप छान असते. अनिष्ट आणि घातक परंपरांना, ...